केंद्रीय मंत्री मुख्तार अब्बास नकवी ने गुरुवार(29 जून) को कहा कि अल्पसंख्यक समुदाय में भय या असुरक्षा का माहौल नहीं हैं। उन्होंने कहा कि कुछ ताकतें चाहती हैं कि केंद्र के विकास के एजेंडे पर विध्वंस का एजेंडा हावी हो जाए और इनके खिलाफ कार्रवाई की जा रही है। हालांकि, नवकी के इस बयान पर लोगों ने सोशल मीडिया पर तीखी प्रतिक्रिया देते हुए उन्हें पहलू खान और जुनैद हत्याकांड को याद दिलाया।Mukhtar Abbas Naqviहालांकि, अल्पसंख्यक मामलों के मंत्री ने कहा कि भीड़ द्वारा लोगों की घटनाओं को उचित नहीं ठहराया जा सकता है और ऐसे कार्य करने वालों के खिलाफ उचित कदम उठाए जाएंगे। उन्होंने जोर दिया कि सरकार विकास के एजेंडे को लेकर प्रतिबद्ध है। केंद्रीय वक्फ काउंसिल की 76वीं बैठक में हिस्सा लेने के बाद उन्होंने कहा कि वह नहीं समझते कि अल्पसंख्यक समुदाय में भय या असुरक्षा का कोई माहौल है।
उन्होंने कहा, लेकिन जो भी घटनाएं हो रही हैं, चाहे वे छोटी हों या बड़ी हों या आपराधिक साजिश हों, इन्हें किसी भी तरह से उचित नहीं ठहराया जा सकता है। इनके खिलाफ कानून सम्मत तरीके से कार्रवाई की जाएगी। बता दें कि केंद्रीय मंत्री की यह प्रतिक्रिया ऐसे समय में आई है जब पिछले दिनों 22 जून को दिल्ली में ईद की खरीदारी करने के बाद बल्लभगढ़ में अपने गांव लौट रहे एक 17 वर्षीय लड़के की हत्या कर दी गई थी।
इस घटना के विरोध में बुधवार(28 जून) को देश के कई स्थानों पर ‘नॉट इन माई नेम’ नाम से प्रदर्शन हुए थे, जिनमें हजारों लोग शामिल हुए। जिसके बाद गुरुवार(29 जून) को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि गोरक्षा के नाम पर लोगों की हत्या स्वीकार नहीं है।